रायबरेली – जहां एक ओर सरकार द्वारा समय-समय पर उच्च अधिकारियों को उनके क्षेत्र में हो रहे कार्यों को लेकर निर्देशित किया जाता है कि वे लोग अपने क्षेत्र में संबंधित अधिकारियों को यह निर्देश दें कि जो भी कार्य उनके द्वारा कराया जा रहा है वह मानक और गुणवत्ता के साथ कराया जाए लेकिन इसके उलट रायबरेली जिले में एक ताजा मामला सामने निकाल कर आया है हम बात कर रहे हैं ग्राम पंचायत रोखा विकास खंड डीह का जहां पर शिकायतकर्ता भूपेंद्र चंद्र पांडे द्वारा जिलाधिकारी को एक शिकायती पत्र देकर बताया गया कि उनके ग्राम पंचायत में प्रधान के द्वारा मानक और गुणवत्ता विहीन कार्य कराया जा रहा है जिसमें प्राथमिक विद्यालय पूरे खेऊ मे मनरेगा योजना के अंतर्गत बन रहीं बाउंड्री बाल निर्माण में पीलें इटो से निर्माण कराया जा रहा है वहीं बालू व सीमेंट के मसाले में भी हेर फेर कर दिया गया है वही बात करी जाए निर्माण में बनाए जा रहे बीम की तो उसमें चार सूत की सरिया की जगह तीन सूत की सरिया लगाई जा रही है और उसमें कोई भी रिंग नहीं डाली जा रही है वहीं शिकायतकर्ता ने बताया कि प्राथमिक विद्यालय पूरे जालिम में भी इसी तरह पीले इटो से निर्माण कराया जा रहा है और सरिया भी मानक विहीन लगाई जा रही है साथी शिकायतकर्ता ने बताया कि आंगनबाड़ी केंद्र का जो निर्माण कराया जा रहा है जिसमें जो नीव डाली जा रही है उसमें पीले इटो का निर्माण और नीव मानक विहीन है जिसकी जांच करना अति आवश्यक है वरना भविष्य में कोई बड़ी दुर्घटना हो सकती है शिकायतकर्ता की प्रार्थना पत्र को पढ़कर जिलाधिकारी द्वारा संबंधित अधिकारी को जांच कर कठोर कार्रवाई के आदेश दिए गए हैं अब देखने वाली बात यह होगी कि इस पूरे मामले में उच्च अधिकारी क्या कार्यवाही करते हैं यह तो आने वाला वक्त ही बताएगा।.
अनुज मौर्य रिपोर्ट


