Up Desk जमीन-जायदाद की रजिस्ट्री प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी, सुगम और कैशलेस बनाने की दिशा में शासन ने बड़ा निर्णय लिया है। अब 20,000 रुपए से अधिक की रजिस्ट्री फीस का भुगतान अनिवार्य रूप से ऑनलाइन माध्यम से ही किया जाएगा। नकद भुगतान का विकल्प समाप्त कर दिया गया है। यह नई व्यवस्था 12 जनवरी से प्रदेश के सभी जनपदों में लागू होगी।

महानिरीक्षक निबंधन नेहा शर्मा ने इस संबंध में सभी सहायक महानिरीक्षक निबंधन और उप निबंधक कार्यालयों को स्पष्ट निर्देश जारी किए हैं। कहा है कि रजिस्ट्री प्रक्रिया में पारदर्शिता लाने और वित्तीय लेन-देन को पूरी तरह डिजिटल करने के उद्देश्य से इस व्यवस्था का कड़ाई से अनुपालन सुनिश्चित कराया जाए। इससे पहले आजमगढ़,बाराबंकी, रायबरेली,मऊ सहित प्रदेश के 30 जनपदों में 20 हजार रुपए से अधिक की रजिस्ट्री फीस ऑनलाइन जमा कराने की व्यवस्था लागू की जा चुकी थी। समीक्षा के बाद इसे प्रदेशव्यापी रूप से लागू करने का निर्णय लिया गया है।
सभी उप निबंधक कार्यालयों को यह सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं कि निर्धारित सीमा से अधिक की रजिस्ट्री फीस केवल ऑनलाइन माध्यम से ही स्वीकार की जाए। आमजन को किसी प्रकार की असुविधा न हो, इसके लिए उप निबंधक कार्यालयों को व्यापक प्रचार-प्रसार के निर्देश दिए गए हैं।
अनुज मौर्य रिपोर्ट


