रायबरेली-शिवगढ़ थाना क्षेत्र के बेडारू गांव में एक जमीनी विवाद को लेकर लाखों रुपये की ठगी का मामला सामने आया है। पीड़ित परिवार ने आज शुक्रवार को दोपहर करीब 12 बजे रायबरेली पुलिस अधीक्षक (एसपी) कार्यालय पहुंचकर लिखित शिकायत पत्र सौंपा और दोषियों के खिलाफ तुरंत कानूनी कार्रवाई की मांग की।
पीड़ित रामेश्वर ने शिकायत में बताया कि उन्होंने अपनी संपत्ति/जमीन बेची थी, लेकिन विपक्षी पक्ष ने पूरा भुगतान नहीं किया। बेची गई जमीन का पैसा अभी तक नहीं मिलने से पूरा परिवार आर्थिक संकट में है। रामेश्वर ने अपने बयान में कहा, “हमने जमीन बेची, लेकिन विपक्षी द्वारा पैसा नहीं दिया जा रहा है। इससे हमारी आर्थिक स्थिति खराब हो गई है। हम एसपी महोदय से अपील करते हैं कि इस मामले की जांच कर दोषियों के खिलाफ उचित कार्रवाई की जाए ताकि हमारा हक मिल सके।”
पीड़ित परिवार के अनुसार, यह मामला धोखाधड़ी और आपराधिक विश्वासघात से जुड़ा है। परिवार ने एसपी से अनुरोध किया कि शिवगढ़ थाने में प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू की जाए और आरोपी पक्ष से बकाया राशि वसूल की जाए।
घटना की पृष्ठभूमि
बेडारू गांव शिवगढ़ थाना क्षेत्र के अंतर्गत आता है। जमीनी लेन-देन के मामलों में अक्सर ऐसे विवाद सामने आते हैं, जहां बैनामा या समझौते के बाद भुगतान में अनियमितता या धोखा होता है। पीड़ित परिवार ने दावा किया कि लाखों रुपये की राशि बकाया है, जिसके कारण उनका पूरा आर्थिक जीवन प्रभावित हो रहा है।
एसपी कार्यालय में शिकायत मिलने के बाद अब संबंधित अधिकारियों को इसकी जांच का आदेश दिए जाने की संभावना है। आमतौर पर ऐसी शिकायतों को संबंधित थाने को भेजकर प्रारंभिक जांच (पीआई) या सीधे एफआईआर दर्ज करने का निर्देश दिया जाता है। यदि धोखाधड़ी साबित होती है तो आरोपी पर भारतीय दंड संहिता की धारा 420 (धोखाधड़ी), धारा 406 (आपराधिक विश्वासघात) और अन्य संबंधित धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज हो सकता है।
क्या कहते हैं पीड़ित
रामेश्वर ने स्पष्ट रूप से कहा कि बिक्री के बाद विपक्षी ने भुगतान करने से इनकार कर दिया या आंशिक भुगतान कर बाकी राशि रोक ली है। परिवार ने एसपी से व्यक्तिगत हस्तक्षेप की अपील की है ताकि मामले में जल्द से जल्द न्याय मिल सके।
यह मामला अभी बहुत नया है, इसलिए पुलिस की ओर से कोई आधिकारिक बयान या आरोपी पक्ष की प्रतिक्रिया अभी सामने नहीं आई है। पुलिस जांच के बाद ही पूरे मामले की सच्चाई सामने आएगी।
नोट: जमीनी विवाद और संपत्ति लेन-देन के मामलों में पीड़ितों को सलाह दी जाती है कि सभी दस्तावेज (बैनामा, रसीदें, गवाहों के बयान आदि) सुरक्षित रखें और कानूनी सलाहकार की मदद लें। पुलिस शिकायत के साथ-साथ सिविल कोर्ट में भी याचिका दायर की जा सकती है।
अगर इस मामले में कोई नया अपडेट आता है या आरोपी पक्ष का बयान सामने आता है, तो आगे की जानकारी उपलब्ध कराई जाएगी।
अनुज मौर्य रिपोर्ट


